10 Dec 2018, 06:0 HRS IST
  • निजी स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए नियमों का सख्ती से पालन कराएं राज्य
    निजी स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए नियमों का सख्ती से पालन कराएं राज्य
    निजी स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए नियमों का सख्ती से पालन कराएं राज्य
    निजी स्कूलों की मनमानी रोकने के लिए नियमों का सख्ती से पालन कराएं राज्य
    भोपाल गैस त्रासदी की 34वीं वर्षगांठ पर मशाल जुलूस
    भोपाल गैस त्रासदी की 34वीं वर्षगांठ पर मशाल जुलूस
    कोलकाता में डूबते सूरज का एक नजारा
    कोलकाता में डूबते सूरज का एक नजारा
PTI
PTI
Select
खबर
Skip Navigation Linksहोम राष्ट्रीय
login
  • सबस्क्राइबर
  • यूज़र नाम
  • पासवर्ड   
  • याद रखें
ad
add
add
  • सुषमा स्वराज अगले महीने चीन जायेंगी

  • विज्ञापन
  • [ - ] फ़ॉन्ट का आकार [ + ]
पीटीआई-भाषा संवाददाता 18:44 HRS IST



नयी दिल्ली, 13 मार्च( भाषा) विदेश मंत्री सुषमा स्वराज शंघाई सहयोग संगठन( एससीओ) के विदेश मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेने के लिए अगले महीने चीन जायेंगी।

एससीओ का शिखर सम्मेलन इस वर्ष जून में चीन के क़िंगदाओ में आयोजित होगा जिसमें प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के भाग लेने की उम्मीद है। इस सम्मेलन से पहले सुषमा चीन की यात्रा पर जायेंगी।

पिछले वर्ष डोकलाम में सैन्य गतिरोध के बाद आगे बढ़ने के लिए भारत और चीन द्वारा किये गये प्रयासों के मद्देनजर सुषमा की यह यात्रा होगी।

अधिकारियों के अनुसार सुषमा को28 मार्च से द्विपक्षीय यात्रा पर जापान भी जाना है। उन्हें18 अप्रैल को वाशिंगटन में2 + 2 प्रारूप( विदेशी और रक्षा विचार- विमर्श) में रणनीतिक वार्ता में भाग लेने के लिए अमेरिका की यात्रा भी करनी है। रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण भी वार्ता के लिए अमेरिका जायेंगी।

एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ‘‘ विदेश मंत्री23 अप्रैल से24 अप्रैल तक एससीओ विदेश मंत्रियों की बैठक में भाग लेने के लिए चीन जायेंगी।’’

चीन यात्रा के दौरान सुषमा के अपने चीनी समकक्ष वांग यी के साथ द्विपक्षीय बैठक करने की भी संभावना है। दोनों नेताओं के बीच रूस- भारत- चीन( आरआईसी) त्रिपक्षीय बैठक के इतर यहां दिसम्बर में द्विपक्षीय बैठक हुई थी।

बैठक से इतर मंत्री के एससीओ के अन्य देशों के विदेश मंत्रियों के साथ भी द्विपक्षीय वार्ता करने की उम्मीद है लेकिन अभी यह स्पष्ट नहीं है कि क्या वह अपने पाकिस्तानी समकक्ष के साथ कोई द्विपक्षीय बातचीत करेंगी या नहीं।

इस दौरे को पिछले वर्ष सितम्बर में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और राष्ट्रपति शी चिनफिंग के बीच हुए समझौते पर आगे बढ़ने के लिए भारत और चीन दोनों के लिए एक अवसर के रूप में भी देखा जा रहा है।

  • अपनी टिप्पणी पोस्ट करे ।