23 May 2019, 15:11 HRS IST
  • ईवीएम और वीवीपैट के आंकड़ों का 100 फीसदी मिलान करने की मांग वाली याचिका खारिज
    ईवीएम और वीवीपैट के आंकड़ों का 100 फीसदी मिलान करने की मांग वाली याचिका खारिज
    प्रज्ञा ने माफी मांग ली है, लेकिन मैं अपने मन से उन्हें माफ नहीं कर पाऊंगा- मोदी
    प्रज्ञा ने माफी मांग ली है, लेकिन मैं अपने मन से उन्हें माफ नहीं कर पाऊंगा- मोदी
    न्यायालय ने राहुल गांधी के लोकसभा चुनाव लड़ने पर प्रतिबंध की मांग वाली याचिका खारिज की
    न्यायालय ने राहुल गांधी के लोकसभा चुनाव लड़ने पर प्रतिबंध की मांग वाली याचिका खारिज की
    पांचवें चरण में 51 लोकसभा सीटों पर मतदान जारी
    पांचवें चरण में 51 लोकसभा सीटों पर मतदान जारी
PTI
PTI
Select
खबर
Skip Navigation Linksहोम खेल
login
  • सबस्क्राइबर
  • यूज़र नाम
  • पासवर्ड   
  • याद रखें
ad
add
add
  • रायल चैलेंजर्स बेंगलोर के खिलाफ चेन्नई सुपरकिंग्स की नजरें प्लेऑफ पर

  • विज्ञापन
  • [ - ] फ़ॉन्ट का आकार [ + ]
पीटीआई-भाषा संवाददाता 15:20 HRS IST

बेंगलुरू, 20 अप्रैल (भाषा) चेन्नई सुपरकिंग्स की टीम इंडियन प्रीमियर लीग मुकाबले में रविवार को यहां रायल चैलेंजर बेंगलोर के खिलाफ जब मैदान में उतरेगी तो उसकी नजरें पिछले मैच मे मिली हार को भुलाकर प्लेऑफ के लिए जगह पक्की करने पर होगी।



गतचैम्पियन चेन्नई की टीम को पिछले मैच में सनराइजर्स हैदराबाद से हार का सामना करना पड़ा था जो मौजूदा सत्र में उसकी सिर्फ दूसरी हार थी। बेंगलोर के खिलाफ अगर टीम जीत दर्ज करती है तो उसके 16 अंक हो जाऐंगे जो अंतिम चार में जगह पक्की करने के लिए काफी होगा।



सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ चोट के कारण टीम के नियमित कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी मैदान में नहीं उतर पाये थे लेकिन रविवार को होने वाले मैच के लिए उनके फिट रहने की उम्मीद है।



टूर्नामेंट का शुरूआती मैच खेलने वाली दोनों टीमों का अभियान बिल्कुल अलग तरह का रहा है। चेन्नई की टीम एक बार फिर उम्मीदों पर खरी उतरी तो वहीं रायल चैलेंजर्स बेंगलोर का प्रदर्शन निराशाजनक रहा है।



इसमें कोई शक नहीं कि शुक्रवार को कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ जीत दर्ज करने वाली बेंगलोर की टीम का हौसला बढ़ा होगा। अंद्रे रसेल और नितीश राणा की ताबड़तोड़ पारियों के बावजूद रायल चैलेंजर्स बेंगलोर जीत दर्ज करने में सफल रही। टीम की नौ मैचों में यह सिर्फ दूसरी जीत है लेकिन वह अब भी प्लेऑफ की दौड़ में बनी हुई है।



बेंगलोर की टीम हालांकि 2016 के प्रदर्शन से प्रेरणा ले सकती है जब उसने शुरूआती सात में से पांच मैच गवांने के बाद अंतिम सात में से छह मैचों को जीतकर प्लेऑफ में जगह पक्की की थी।



केकेआर के खिलाफ दिग्गज एबी डिविलियर्स की गैरमौजूदगी में कप्तान विराट कोहली ने जिम्मेदारी से बल्लेबाजी करते हुए सत्र की अपनी पहली शतकीय पारी खेलकर टीम को बड़े स्कोर तक पहुंचाया। डिविलियर्स की संभावित वापसी से बेंगलोर की टीम घरेलू मैदान में सत्र के आखिरी मैच में प्रशंसकों को जीत का जश्न मनाने का मौका देना चाहेगी।



टीम में डेल स्टेन के आने के बाद भी गेंदबाजी चिंता का सबब बनी हुई है। इसका उदाहरण कोलकाता में भी दिखा जब रसेल और राणा की जोड़ी अंतिम छह ओवरों में जीत के लिए जरूरी लगभग 113 रन के असंभव लक्ष्य के करीब पहुंच गयी थी।



वहीं दूसरी तरफ 40 साल के इमरान ताहिर चेन्नई के स्टार गेंदबाज रहे हैं। उन्होंने कप्तान की योजना को मैदान पर बखूब उतारा है और अब तक 13 विकेट चटकाए हैं।



चेन्नई सुपरकिंग्स को कप्तान धोनी से भी उम्मीदें होंगी जिन्होंने इस सत्र में आठ मैचों में दो अर्धशतक की मदद से 230 रन बनाये हैं।



  • अपनी टिप्पणी पोस्ट करे ।